मुंबई। अमेरिका और चीन के राष्ट्रपतियों की बैठक से पहले सोमवार को डॉलर इंडेक्स सीमित दायरे में रहा। डॉलर इंडेक्स 0.01 प्रतिशत गिरकर 99.930 पर बंद हुआ। वहीं NSE पर USDINR 28 सितंबर वायदा 0.17 प्रतिशत घटकर 95.8100 पर बंद हुआ।
पृथ्वी फिनमार्ट के कमोडिटी डाइरेक्टर मनोज कुमार जैन का कहना है इस सप्ताह के अंत में होने वाली अमेरिका और चीन के राष्ट्रपतियों की बैठक से पहले डॉलर में स्थिरता बनी हुई है। सऊदी अरब से सप्लाई को लेकर कुछ चिंताएं कम होने के बाद कच्चे तेल में मुनाफावसूली हुई, जिससे डॉलर इंडेक्स की तेजी सीमित हुई। अमेरिकी 10 वर्षीय बॉन्ड यील्ड भी 5 प्रतिशत से नीचे है। हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव और रूस का तेल खरीदने वाले देशों पर अमेरिकी टैरिफ की आशंका डॉलर को समर्थन दे सकती है।
इस सप्ताह वैश्विक वित्तीय बाजारों, कच्चे तेल और भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच डॉलर इंडेक्स में अस्थिरता रह सकती है। डॉलर इंडेक्स के 98.55 से 101.40 के दायरे में कारोबार की उम्मीद है।
दूसरी ओर, कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और घरेलू शेयर बाजार में तेजी से रुपए में निचले स्तरों से कुछ सुधार आया है। हालांकि, अमेरिकी टैरिफ की आशंका और डॉलर की मजबूती रुपए की बढ़त को सीमित कर रही है। USDINR में इस सप्ताह 95.0500 से 97.2000 का दायरा देखने को मिल सकता है।
जैन का कहना है तकनीकी रूप से USDINR 28 सितंबर वायदा अत्यधिक अस्थिर कारोबार में मुनाफावसूली दिखा रहा है। दैनिक चार्ट पर यह 95.7100 के मूविंग एवरेज सपोर्ट के ऊपर कारोबार कर रहा है। RSI 60 के ऊपर है और MACD में पॉजिटिव क्रॉसओवर बना है। 95.0000 के ऊपर टिके रहने से तकनीकी मजबूती बनी हुई है।
USDINR का सपोर्ट 95.6000 से 95.3500 और रेजिस्टेंस 96.0500 से 96.3500 है। ट्रेडिंग रणनीति के तहत 95.6600 से 95.5000 के आसपास खरीदारी की सलाह है। स्टॉप लॉस 95.2200 के नीचे और लक्ष्य 96.0500 से 96.3500 रखा गया है।


