मुंबई। अमेरिकी मध्यावधि चुनावों से पहले पिछले सप्ताह डॉलर इंडेक्स में गिरावट दर्ज की गई। शुक्रवार को डॉलर इंडेक्स 0.14 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 101.75 पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर USD-INR 26 नवंबर वायदा 0.25 प्रतिशत गिरकर 95.2675 पर बंद हुआ।
पृथ्वी फिनमार्ट के कमोडिटी डाइरेक्टर मनोज कुमार जैन का कहना है कि पिछले सप्ताह ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली के कारण डॉलर इंडेक्स 102 के स्तर से नीचे आ गया। अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने अपनी मौद्रिक नीति बैठक में ब्याज दरें स्थिर रखीं। यूरोपीय सेंट्रल बैंक ने भी ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया। इसके बाद यूरो और ब्रिटिश पाउंड में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मजबूती आई, जिससे डॉलर इंडेक्स पर दबाव पड़ा।
अमेरिका की 10 वर्षीय बॉन्ड यील्ड में भी पिछले सप्ताह गिरावट आई, जिसने डॉलर इंडेक्स को नीचे खींचा। हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमतें डॉलर इंडेक्स को समर्थन दे रही हैं।
इस सप्ताह वैश्विक वित्तीय बाजारों में उतार-चढ़ाव, कच्चे तेल की कीमतों और भू-राजनीतिक तनाव के कारण डॉलर इंडेक्स में अस्थिरता बने रहने की संभावना है। इसके 100.55 से 102.85 के दायरे में कारोबार करने का अनुमान है।
दूसरी ओर, घरेलू शेयर बाजार में बढ़त और डॉलर इंडेक्स में मुनाफावसूली के बीच रुपया स्थिर रहा। हालांकि, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और महंगाई की चिंताएं रुपए की बढ़त को सीमित कर रही हैं। इस सप्ताह डॉलर इंडेक्स, घरेलू शेयर बाजार और भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के प्रभाव से रुपए में उतार-चढ़ाव रह सकता है। USD-INR पेयर के 94.2000 से 96.4000 के दायरे में कारोबार करने का अनुमान है।
तकनीकी विश्लेषण: जैन का कहना है कि USD-INR 26 नवंबर वायदा पिछले सप्ताह सीमित दायरे में कारोबार करता रहा। दैनिक तकनीकी चार्ट पर यह पेयर 94.9400 के मूविंग एवरेज ट्रेंडलाइन सपोर्ट के ऊपर बना हुआ है, लेकिन आरएसआई 50 के नीचे है। एमएसीडी दैनिक चार्ट पर सकारात्मक क्रॉसओवर दिखा रहा है। हालांकि, ऊपरी स्तरों पर पेयर को मजबूत रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ रहा है।
तकनीकी चार्ट के अनुसार, USD-INR वायदा का सपोर्ट 95.0500 से 94.9400 के बीच है, जबकि रेजिस्टेंस 95.4500 से 95.6600 के स्तर पर है। पेयर 94.9400 के सपोर्ट के ऊपर कारोबार कर रहा है और इस सप्ताह इसके 94.2000 से 96.4000 के दायरे में रहने का अनुमान है।
पिछले सप्ताह 95.4000 से 95.1500 के दायरे में खरीदारी करने की सलाह दी गई थी। इसके लिए 94.9400 के नीचे स्टॉप लॉस और 95.6600 से 95.9200 का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। जिन ट्रेडर्स ने इस सलाह के अनुसार खरीदारी की है, उन्हें निर्धारित स्टॉप लॉस का सख्ती से पालन करने और लक्ष्य स्तरों के आसपास मुनाफा बुक करने की सलाह दी गई है।



