सार्वजनिक क्षेत्र की सामान्य बीमा कंपनी ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी NSE के बहुप्रतीक्षित IPO से बड़ा वित्तीय लाभ मिलने की उम्मीद है। कंपनी का मानना है कि NSE में हिस्सेदारी की आंशिक बिक्री से मिलने वाली रकम के सहारे वह वित्त वर्ष 2026-27 में फिर से मुनाफे में लौट सकती है।
ओरिएंटल इंश्योरेंस के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक संजय जोशी ने कहा कि कंपनी चालू वित्त वर्ष में लाभ कमाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। उनके अनुसार NSE IPO से मिलने वाली आय को कंपनी अपने लाभ में शामिल करेगी, जिससे वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और नकदी उपलब्धता भी बढ़ेगी।
कंपनी IPO में अपनी कुल हिस्सेदारी का केवल एक छोटा हिस्सा बेच रही है। ओरिएंटल इंश्योरेंस ने NSE के IPO में 49.57 लाख शेयर बिक्री के लिए पेश किए हैं। 30 जून 2026 तक कंपनी के पास NSE के 3.52 करोड़ शेयर थे, जो एक्सचेंज की कुल इक्विटी का 1.42 प्रतिशत हिस्सा है।
यदि IPO का आवंटन ऊपरी प्राइस बैंड 1,785 रुपए प्रति शेयर पर होता है, तो कंपनी को करीब 885 करोड़ रुपए प्राप्त होंगे। वहीं निचले प्राइस बैंड 1,700 रुपए प्रति शेयर पर यह राशि लगभग 843 करोड़ रुपए रहेगी।
ओरिएंटल इंश्योरेंस NSE के शुरुआती निवेशकों में शामिल रही है। NSE की स्थापना 1992 में हुई थी और तब से कंपनी इसके शेयरधारकों में बनी हुई है। जोशी ने कहा कि NSE के सूचीबद्ध होने के बाद कंपनी अपनी बची हुई हिस्सेदारी का बाजार मूल्यांकन कर सकेगी, जिससे उसकी सॉल्वेंसी स्थिति यानी दावों का भुगतान करने की क्षमता भी बेहतर दिखाई देगी।
NSE का 22,569 करोड़ रुपए का IPO 17 सितंबर को खुलेगा और 21 सितंबर को बंद होगा। यह देश का दूसरा सबसे बड़ा IPO होगा। इससे पहले 2024 में हुंडई मोटर इंडिया का 27,870 करोड़ रुपए का IPO सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम रहा था। NSE के शेयरों की बाजार में लिस्टिंग 24 सितंबर को प्रस्तावित है।
इस बीच ओरिएंटल इंश्योरेंस ने अपना 80वां स्थापना दिवस भी मनाया। कंपनी की स्थापना 12 सितंबर 1947 को, देश की आजादी के एक महीने के भीतर हुई थी। अवसर पर कंपनी ने ग्राहकों के लिए कई नए बीमा उत्पाद और पहल शुरू कीं।
मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष में कंपनी का सकल प्रीमियम संग्रह 20,000 करोड़ रुपए के पार पहुंच गया। इस वृद्धि में ग्रुप पर्सनल एक्सीडेंट, हेल्थ, फायर और मोटर बीमा कारोबार का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कंपनी का मानना है कि मजबूत प्रीमियम वृद्धि और NSE IPO से मिलने वाली आय मिलकर FY27 में उसके प्रदर्शन को नई दिशा दे सकती है।



