मुंबई। डॉलर इंडेक्स पिछले सप्ताह भारी उतार-चढ़ाव के बीच अपने ऊपरी स्तरों से फिसल गया। शुक्रवार को डॉलर इंडेक्स 0.02 फीसदी की हल्की गिरावट के साथ 96.82 पर बंद हुआ। वहीं USD-INR 25 फरवरी वायदा अनुबंध शुक्रवार को एनएसई पर 0.08 फीसदी बढ़कर 90.7025 पर बंद हुआ।
पृथ्वी फिनमार्ट के कमोडिटी डाइरेक्टर मनोज कुमार जैन का कहना है कि पिछले सप्ताह डॉलर इंडेक्स में तेज अस्थिरता देखने को मिली। बेहतर-से-उम्मीद गैर-कृषि रोजगार आंकड़ों और बेरोजगारी दर में गिरावट के बाद डॉलर इंडेक्स में मजबूती आई थी। हालांकि, अमेरिकी शेयर बाजारों में बिकवाली, 10-वर्षीय बॉन्ड यील्ड में गिरावट और उम्मीद से अधिक बेरोजगारी दावों के आंकड़ों ने डॉलर इंडेक्स पर दबाव बनाया। कमजोर रिटेल सेल्स और कोर रिटेल सेल्स के आंकड़ों के बाद भी डॉलर इंडेक्स में गिरावट दर्ज की गई।
इस सप्ताह वैश्विक वित्तीय बाजारों में अस्थिरता, अमेरिकी कोर पीसीई प्राइस इंडेक्स और जीडीपी आंकड़ों से पहले की स्थिति तथा भू-राजनीतिक तनाव के कारण डॉलर इंडेक्स 95.40–98.55 के दायरे में कारोबार कर सकता है।
दूसरी ओर, घरेलू शेयर बाजारों में कमजोरी के कारण रुपया अपनी बढ़त बरकरार नहीं रख सका और फिर से गिरावट दर्ज की गई। घरेलू इक्विटी बाजारों में भारी बिकवाली से रुपये पर दबाव बना हुआ है। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और रुस से कच्चे तेल की खरीद रोकने जैसे कारकों ने भी रुपये को कमजोर किया है। भारत-अमेरिका व्यापार समझौते से जुड़ी खबरों का भी बाजार पर असर देखा गया।
इस सप्ताह डॉलर इंडेक्स और घरेलू शेयर बाजारों में उतार-चढ़ाव तथा भू-राजनीतिक तनाव के बीच रुपया भी अस्थिर रह सकता है। USD-INR पेयर के 89.5500–92.0000 के दायरे में कारोबार करने की संभावना है।
टेक्निकल व्यू: जैन का कहना है कि USD-INR 25 फरवरी वायदा अनुबंध में फिर उछाल देखने को मिला है। दैनिक तकनीकी चार्ट के अनुसार, यह जोड़ी 90.7200 के मूविंग एवरेज ट्रेंड-लाइन सपोर्ट स्तर के नीचे कारोबार कर रही है और RSI 50 के स्तर से नीचे बना हुआ है। MACD में भी नकारात्मक क्रॉसओवर दिखाई दे रहा है।
जैन का कहना है कि तकनीकी सेट-अप के अनुसार, पेयर 91.0000 के स्तर से नीचे बनी हुई है। दैनिक चार्ट पर 90.4000–90.1500 के स्तर पर सपोर्ट और 91.0200–91.3500 के स्तर पर रेजिस्टेंस देखा जा रहा है। इस सप्ताह पेयर के 89.5500–92.0000 के दायरे में रहने की संभावना है। निवेशकों को सलाह है कि 90.4400–90.8500 के स्तर पर नजर रखते हुए नई पोजीशन लें, क्योंकि इस दायरे से किसी भी दिशा में ब्रेकआउट आगे की दिशा तय कर सकता है।



